बीकानेर. : दोपहर बारह बजे बाद तक घना कोहरा छाया रहता

अंचल में धूजणी छुड़ाने वाली सर्दी पड़ रही है। इसके साथ ग्रामीण अंचल में दोपहर तक कोहरे का असर बना हुआ है। शनिवार के मुकाबले रविवार को तापमान में कोई विशेष अंतर नहीं आया। अधिकतम तापमान 21.6 एवं न्यूनतम 3.4 रहा। जबकि शनिवार को अधिकतम 21.0 एवं न्यूनतम 3.2 था।

सर्दी से रविवार को दिन में भी राहत नहीं मिली। धूप निकलने के बावजूद गलन बरकरार रही। शनिवार देर रात से ही हल्के कोहरे ने उपिस्थति दर्ज करा दी थी। रविवार अल सुबह भी कोहरा रहा था। रात को आकाश साफ रहा, लेकिन सर्दी का असर बढ़ गया। दुपहिया चालकों को हाथ के पंजों में सर्दी के कारण बिना ग्लब्ज पहने वाहन चलाने में परेशानी आई। सुबह व रात को अलाव सहारा बने हुए हैं। पिछले तीन दिन से कोहरे के कारण ग्रामीण अंचलों में बसें समय पर नहीं आ-जा पा रही हैं।

तीन दिन पाला पड़ने की आशंका, किसानों को सलाह
कृषि विभाग ने किसानों को सचेत किया है कि अगले तीन दिन पाला पड़ने की आशंका है। फसलों को बचाव के लिए कुछ कदम उठाए जा सकते हैं।

1. नर्सरी व छोटे पौधों को पॉलीथिन अथवा टाँट बोरी से ढक कर रखें।

2. फसलों को इन दिनों यूरिया व डीएपी देने से बचें।

3. सल्फर पाले से बचाता है। अतः फसल की आवश्यकतानुसार सल्फर दें।

4. पाला पड़ने का समय सुबह 4 से 6 बजे का है। इस दौरान किसान खुद का भी बचाव रखे।

5. रात में पाला पड़ने की आशंका हो, तो सुबह जल्दी उठ कर फसल में धुआं करें।

6. पाला पड़ने की आशंका है। अतः एक प्रतिशत सल्फ्यूरिक अम्ल का पत्तियों पर छिड़काव करें।

7. इन दिनों फसल बढ़वार वाले रसायनों का प्रयोग न करें।

8. किसान साथी भी अत्यधिक ठण्ड में जाने से बचें अथवा कृषि कार्य न करें ।

-डॉ रामकिशोर मेहरा, उपनिदेशक कृषि विस्तार

सीएडी बीकानेर

महज चार घंटे ही दिखाई देता है सूरज

महाजन. कस्बे सहित आसपास के गांवों में पिछले पांच दिनों से हाड़ कंपाने वाली ठंड ने जनजीवन अस्त व्यस्त कर दिया है। घना कोहरा छाने व शीत लहर चलने से सर्दी का असर बढ़ गया है। दिनभर कड़ाके की सर्दी पड़ने से लोग ठिठुरते नजर आते है। कस्बे सहित आसपास के क्षेत्र में दोपहर बारह बजे बाद तक घना कोहरा छाया रहता है। हालांकि एक बजे बाद धूप निकलती है पर शीत लहर का सितम कम नहीं होता है। शाम को सात बजे बाद घना कोहरा फिरआगोश में ले लेता है। कोहरा इतना घना होता है कि पांच सात फीट दूर कुछ भी नजर नहीं आता।

कोहरे के कारण राजमार्ग पर वाहनों का आवागमन प्रभावित हो रहा है। वाहन चालक मजबूरन वाहनों को सड़क किनारे खड़े कर कोहरा छंटने का इंतजार करते हैं। कोहरे के साथ ही क्षेत्र में सर्दी का असर बढ़ गया है। दूसरी तरफ कोहरे से हाड़ी की फसल को फायदा मिलने से किसान खुश हैं। कोहरे के साथ बढ़ी सर्दी से भेड़ बकरियों में रोग फैलने का डर भी पैदा हो गया है। ग्रामीण क्षेत्र में सर्दी का प्रकोप जारी रहने से सर्दी जुकाम के मरीज भी बढ़ रहे हैं।



from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/Ssjx1iG

https://ift.tt/S6EMRiC

Post a Comment

और नया पुराने