स्वर कोकिल सीमा मिश्रा और शिव विनायक शर्मा की संयुक्त प्रस्तुति ने बनाई यू ट्यूब पर जगह
जयपुर।
राजस्थानी लोक-संस्कृति की सुगंध से भरा और मायरा परंपरा की भावनाओं से सराबोर नया लोकगीत “बीरो भात भरण न आयो (मायरा)” आज स्वर माधुरी मल्टीमीडिया एलएलपी के बैनर तले रिलीज़ हो गया। मरु कोकिला सीमा मिश्रा की मधुर और भावपूर्ण आवाज़ इस एल्बम की आत्मा बनकर उभरती है। ख़ास बात ये है की इस गीत के गीतकार और संगीतकार पद्मश्री अली मोहम्मद और पद्मश्री ग़नी मोहम्मद हैं, इस वजह से ये संगीत के सितारों की प्रस्तुति बन गई है I
भाई- बहन की भावनाओं का जीवंत चित्रण
इस एल्बम की विशेषता भाई–बहन की भावनाओं का जीवंत चित्रण है। कंपनी के निदेशक शिव विनायक शर्मा और गायिका सीमा मिश्रा द्वारा निभाया गया भाई–बहन का किरदार गीत में ऐसी सच्चाई और अपनत्व भर देता है कि दृश्य सहज ही दर्शकों के हृदय को स्पर्श करते हैं। उनके दिलकश भाव, आपसी स्नेह और सांस्कृतिक रीति-रिवाजों का संयोजन इस वीडियो को वास्तविक लोक-जीवन का मार्मिक प्रतिबिंब बना देता है।
फिल्मांकन और लोकेशन हैं खास
गीत की फिल्मांकन शैली और चुनी गई लोकेशन भी एल्बम के प्रमुख आकर्षणों में शामिल हैं। गांव की परंपराओं, घर-आँगन की सौंधी माहौल और रीतिरिवाजों की जीवंत झलक वीडियो को एक सजीव अनुभव में बदल देती है। कैमरा वर्क और दृश्य सौंदर्य गीत की भावनाओं को और भी प्रभावशाली बनाते हैं।
राजस्थानी मायरा की परंपराओं, परिवारिक प्रेम और लोकगौरव से सजे इस गीत ने रिलीज़ होते ही दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया है।
Poster-
इसे यू ट्यूब पर
@swarmadhurimultimedia
लिंक पर क्लिक करके देखा जा सकता है I
गीत के ऑडियो- वीडियो का विवरण
गीत- बीरो भात भरण ने आयो
गायिका - सीमा मिश्रा
संगीत निर्देशक - पद्मश्री अली- गनी
गीत - पद्मश्री अली- गन्नी
म्यूजिक अरेंजर-अरविन्दर सिंह
रिकॉर्डिंग - अरुण वीर सरस्वती स्टूडियो दिल्ली।
वीडियो निर्माण
एरिया 51 प्रोडक्शन
निर्देशन: एसपी जोधा
डीओपी/एडिट/डीआई - जीतूराज प्रजापति
प्रस्तुति - अंकिता सोलंकी
डायरेक्शन - अक्षत
मेकअप - पिंकी वर्मा
लेबल-स्वर माधुरी
निर्माता - शिव विनायक शर्मा/सीमा मिश्रा
कॉपीराइट - स्वर माधुरी मल्टीमीडिया एलएलपी
लोकार्पण (रिलीज) 16 नवंबर रविवार 2025
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